Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi: रामभद्राचार्य का जन्म कब और कहां हुआ था? आज की ताज़ा ख़बर

Table of Contents

रामभद्राचार्य का जन्म कब और कहां हुआ था? रामभद्राचार्य आयु, 

Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi
Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi

 

आज हम आपको बताएंगे की Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi में एक इसे हिंदू धर्म और संस्कृति साहित्य के क्षेत्र में किसी परिचय के मोहताज नही उनके जीवनी के ऊपर। एक ओर जहां वे एक उच्चकोटी के साधक और संत है वही दूसरी ओर संकृत के अग्रणी कवि, लेखक और विद्वान भी है। उनका जन्म 14 जनवरी 1950 में उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में हुआ था।

 

महज दो माह की उम्र में ही उन्होंने अपनी आंखो की रोशनी खो दी, परंतु यह आंखो का अंधापन उनके ज्ञान के प्रकाश को रोक न सका एसी Jagadguru Rambhadracharya Maharaj की जीवनी है। इनके विषय में हम इस Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi लेख के माध्यम से जानकारी बताई हुई है उसे आप पढ़ लीजिए।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी कौन हैं? Who is Jagadguru Rambhadracharya ji?

Jagadguru Rambhadracharya एक प्रसिद्ध हिंदू धर्मगुरु शिक्षक, संस्कृत विद्वान, बहुशाली, लेखक और दार्शनिक है। वे भारत के चार प्रमुख जगतगुरुओ में से एक है और 1988 से इस उपाधि को धारण कर रहे है। जगद्गुरु रामभद्राचार्य चित्रकूट में संत तुलसीदास के नाम पीआर स्थापित एक धार्मिक और सामाजिक सेवा संगठन तुलसी पीठ के संस्थापक और प्रमुख है। उन्हें भारत सरका ने 2015 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज का जीवन परिचय: Jagadguru Rambhadracharya Biography in Hindi

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का जन्म का नाम:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी महाराज का जन्म नाम गिरिधर मिश्रा जी था।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का प्रसिद्ध नाम:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य (Jagadguru Rambhadracharya) जी का प्रसिद्ध जगद्गुरु रामानंदाचार्य है जो हम सब उन्हें इसी नाम से जानते है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी की जन्म तारीख:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी की जन्म (Birth) 14 जनवरी 1950 है इस दिन उनका जन्म हुआ था।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जन्म स्थान:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का जन्म स्थान (Birth Place) उत्तरप्रदेश के जौनपुर जिले में हुआ है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का कार्यक्षेत्र:

सनातन का प्रचार करना ही उनका काम है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के प्रसिद्ध का कारण:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के प्रसिद्ध का कारण ओ तुलसीपीठ के संस्थापक होने के साथ साथ हिंदू जन जागृत करने वाले सनातनी गुरु है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का परिवार: Jagadguru Rambhadracharya’s Family

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के परिवार के अन्य सदस्यों के बारे में निम्नलिखित जानकारी मिली है:–

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के पिता का नाम:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के पिता का नाम पंडित राजदेव मिश्रा है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के माता का नाम:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी के माता का नाम शची देवी मिश्रा है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य का जन्म और प्रारंभिक जीवन:

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का जन्म जौनपुर जिले के शन्डीखुर्द गाँव में हुआ था। उनका जन्म मकर संक्रांति के दिन 14 जनवरी 1950 को हुआ था।

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य की शिक्षा (Jagadguru Ramanandacharya Education)

जगद्गुरु रामानंदाचार्य की 17 वर्ष की उम्र तक कोई स्कूली शिक्षा नही थी, लेकिन उन्होंने सुनकर एक बच्चे के रूप में कई साहित्यीक काम सीखे थे।

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी के अवॉर्ड: Jagadguru Ramanandacharya Awards in Hindi

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी को 2011 में देवभूमि पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

Jagadguru Ramanandacharya को 2007 में हिंदी साहित्य सम्मेलन पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी को 2006 में संस्कृत महामहोपाध्याय से सम्मानित किया गया था।

Jagadguru Ramanandacharya को 2005 में श्री भार्गवराघव्यम् पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी को 2004 में राजशेखर सम्मान से सम्मानित किया गया था।

Jagadguru Ramanandacharya को 2003 में कविकुलगुरु रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी को 2002 में उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान के विशिष्ट पुरस्कार से भी नवाजा जा चुका है(सम्मानित किया गया है)।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी की सोशल मीडिया लिंक्स: Social media link of Jagadguru Rambhadracharya ji

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी का YouTube Channel : https://www.youtube.com/@SwamiRambhadracharayaji_

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी का Facebook Profile : https://www.facebook.com/JagadguruRambhadracharya

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी का Instagram Profile : https://www.instagram.com/swami_rambhadracharaya_j

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य की आधिकारिक वेबसाइट: Official Website of Jagadguru Rambhadracharya

Official Website of Jagadguru Rambhadracharya

 

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी का परिचय अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी का जन्म कहा हुआ हैं?

जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज का जन्म जौनपुर जिले के सांडीखुर्द गाँव में हुआ है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी कब और कहाँ पैदा हुए?

Jagadguru Rambhadracharya जी का जन्म 14 जनवरी 1950 में जौनपुर जिले के सांडीखुर्द गाँव में हुआ है।

 

रामभद्राचार्य जी कितनी भाषाएँ जानते हैं और उन्होंने कितने ग्रंथ लिखे हैं?

Jagadguru Rambhadracharya जी महाराज कुल मिलाकर 22 भाषाओं को जानते है यानी की ओ 22 भाषाओं को समाज और बोल सकते है। जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी ने 80 से ज्यादा ग्रंथों की रचना की है जिनमे चार महाकाव्य कविताएं और 50 पत्र शामिल है।

 

रामभद्राचार्य जी कितनी भाषाएँ जानते हैं?

Jagadguru Rambhadracharya जी महाराज कुल मिलाकर 22 भाषाओं को जानते है यानी की ओ 22 भाषाओं को समाज और बोल सकते है।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य जी ने कितने ग्रंथ लिखे हैं?

जगद्गुरु रामानंदाचार्य जी ने 80 से ज्यादा ग्रंथों की रचना की है जिनमे चार महाकाव्य कविताएं और 50 पत्र शामिल है।

 

रामभद्राचार्य जी किस उम्र से नेत्रहीन हैं और इसका क्या कारण था?

Jagadguru Rambhadracharya की उनके जीवन काल के 2 महीनो में ही नेत्रहीन हुए थे। 24 मार्च 1950 को उनकी आंखों में रोहे हो गए थे इसलिए जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज नेत्रहीन हुए थे।

 

जगद्गुरु रामभद्राचार्य नेत्रहीन क्यों हुए थे?

24 मार्च 1950 को उनकी आंखों में रोहे हो गए थे इसलिए जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज नेत्रहीन हुए थे।

 

रामभद्राचार्य जी किस संप्रदाय के जगद्गुरु हैं और कब से इस पद पर हैं?

Jagadguru Rambhadracharya रामानंद संप्रदाय के वर्तमान चार जगतगुरु रामानंदाचार्य में से एक है। वे 1988 से इस पद पीआर प्रतिष्ठित है वे हिंदुस्थान के चार प्रमुख जगतगुरूओ में से एक है।

 

रामभद्राचार्य जी किस संप्रदाय के जगद्गुरु हैं?

Jagadguru Rambhadracharya रामानंद संप्रदाय के वर्तमान चार जगतगुरु रामानंदाचार्य में से एक है।

 

रामभद्राचार्य जी संप्रदाय पद पर कब से पर हैं?

जगद्गुरु रामभद्राचार्य महाराज 1988 से इस पद पर प्रतिष्ठित है और वे हिंदुस्थान के चार प्रमुख जगतगुरूओ में से एक है।

 

रामभद्राचार्य जी किस संस्थान के संस्थापक हैं?

Jagadguru Rambhadracharya जी चित्रकूट स्थित तुलसीपीठ के संस्थापक और प्रमुख है। तुलसीपीठ संत तुलसीदास के नाम पीआर एक धार्मिक और सामाजिक सेवा संस्थान है।

 

रामभद्राचार्य जी किन विषयों के विद्वान माने जाते हैं?

Jagadguru Rambhadracharya जी को संस्कृत व्यक्त, न्याय और वेदांत सहित विभिन्न क्षेत्रों में उनके ज्ञान के लिए स्वीकार किया जाता है। वे रामचरितमानस के एक महत्वपूर्ण संस्करण के संपादक है।

 

यह जीवन के परिचय भी पढ़िए:-